जमुई में अंधविश्वास के चलते महादलित महिला की पीट-पीटकर हत्या, डायन होने का लगाया था आरोप
जमुई में अंधविश्वास के चलते महादलित महिला की पीट-पीटकर हत्या, डायन होने का लगाया था आरोप
बिहार के जमुई जिले के सदर थाना क्षेत्र अंतर्गत अमरथ गांव में अंधविश्वास के चलते 40 वर्षीय महादलित महिला दुतीय देवी की पीट-पीटकर हत्या कर दी गई। घटना 15-16 अक्टूबर के दौरान सामने आई, जब ग्रामीणों को गांव के हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर के पीछे झाड़ियों में महिला का शव पड़ा मिला। मृतका की पहचान अमरथ गांव निवासी रूपा मांझी की पुत्री के रूप में हुई है।
घटना की पृष्ठभूमि के अनुसार, गांव के एक युवक संदीप मांझी (उम्र लगभग 25 वर्ष, पुत्र बिहारी मांझी) की बीमारी के बाद मौत हो गई थी। युवक की मौत के बाद कुछ ग्रामीणों और परिजनों ने अंधविश्वास में आकर दुतीय देवी पर तंत्र-मंत्र और डायन होने का आरोप लगाया। स्थानीय आरोपों के अनुसार, महिला पर मृत युवक को जिंदा करने का दबाव बनाया गया। जब महिला ने खुद को बेकसूर बताया, तो कथित तौर पर लाठी-डंडों से उसकी बेरहमी से पिटाई की गई, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। इसके बाद साक्ष्य छिपाने के मकसद से शव को झाड़ियों में फेंक दिया गया।
सूचना मिलने पर सदर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा। पुलिस की फॉरेंसिक साइंस लेबोरेटरी (FSL) टीम ने घटनास्थल से वैज्ञानिक साक्ष्य जुटाए हैं। पुलिस ने अज्ञात व नामजद संदिग्धों के खिलाफ मामला दर्ज कर उनकी गिरफ्तारी के लिए छापेमारी शुरू कर दी है। इस नृशंस घटना के बाद से अमरथ गांव में तनाव और दहशत का माहौल है, वहीं स्थानीय स्तर पर ग्रामीण क्षेत्रों में फैले अंधविश्वास और कुप्रथाओं के खिलाफ सख्त प्रशासनिक कार्रवाई की मांग उठ रही है।
